कानपुर में दर्ज हुआ मुकदमा हरियाणा के गुरुग्राम निवासी प्रापर्टी डीलर विनीत शर्मा से ठगी हो गई। जालसाजों ने फ्लैट दिलाने का झांसा देकर उनके व उनके रिश्तेदारों, परिचितों से 50 करोड़ रुपये ठग लिए।आरोप है कि रुपये मांगने पर जालसाज ने अपने साथियों की मदद से उन्हें बंधक बनाकर जान से मारने की कोशिश की मामले में विनीत ने जालसाज समेत पांच नामजद व अन्य के खिलाफ किदवईनगर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है।
वोट में घोटाला करके दुबई भाग गए थे
विनीत ने बताया कि वर्ष 2014 में उनकी मुलाकात दिनेश पांडेय, प्रमोद पांडेय, कुसुम पांडेय, विनीत रेलिया, कैथाकुलांगरा रामा कृष्णन पोनापन से हुई थी। उस दौरान दिनेश पांडेय ने खुद को बड़ा बिल्डर बताते हुए कहा कि उनकी कंपनी भारत की पहली ऐसी कंपनी है जिसमें विदेशी डायरेक्टर व निवेशक हैं। उनकी बिल्डिंग विदेशी थीम पर बनेगी। झांसा दिया कि अगर वह उनके प्रोजेक्ट में खुद व अपने रिश्तेदारों, परिचितों से निवेश कराते हैं तो उनको दो प्रतिशत कमीशन भी मिलेगा। आरोप है कि उसके झांसे में आने पर विनीत शर्मा ने अपने 100 से भी ज्यादा परिचितों, रिश्तेदारों के 50 करोड़ रुपये उसके प्रोजेक्ट में लगवा दिए। तय समय बीत जाने के बाद भी जालसाजों ने न तो उन्हें फ्लैट दिया और न ही रुपये लौटाए। इस बीच वर्ष 2020 में पता चला कि दिनेश व उनके परिवार के लोग बाइक वोट में घोटाला करके दुबई भाग गए थे।
50 करोड़ की जमीन देने की बात कही
जिसे बाद में मेरठ पुलिस ने दिनेश के खिलाफ रेड कार्नर नोटिस जारी कर उसे एयरपोर्ट से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। जेल से रिहा होने के बाद विनीत ने दिनेश को कॉल कर रुपये की मांग की। तो उसने कानपुर में अपनी 50 करोड़ की जमीन देने की बात कही, इसपर वह इसी साल 29 जनवरी को कानपुर पहुंचे। कानपुर पहुंचने के बाद वह किदवईनगर स्थित मिठास स्वीट पहुंचे।
बंधक बनाकर पीटा
वहां पहले से मौजूद कार सवार दिनेश के गुर्गों ने उन्हें अपनी कार में बैठा लिया और बंधक बनाकर पीटा। इस दौरान कार सवार बदमाशों ने उनकी सोने की चेन, डायमंड की अंगूठी, ब्रेसलेट और जेब में रखे 22 हजार रुपये लूट लिए। आरोपी उनका अपहरण कर कार से नोएडा ले गए। नोएडा में दिनेश ने उनके माथे पर पिस्टल लगाकर जान से मारने की धमकी दी। रस्सी से गर्दन कसकर जान से मारने का प्रयास भी किया। इसके बाद उन्हें हिंडन नदी के पास फेंककर फरार हो गए। स्वास्थ्य ठीक होने के बाद वह शहर पहुंचे और आरोपियों के खिलाफ किदवईनगर थाने में तहरीर दी। थाना प्रभारी किदवईनगर ने बताया कि पीड़ित की तहरीर पर रिपोर्ट कर मामले की जांच की जा रही है।
300 से ज्यादा लोगों को 100 करोड़ का चूना लगा चुका है
300 से ज्यादा लोगों को लगा चुका है 100 करोड़ का चुना
विनीत ने बताया कि दिनेश पांडेय पर देश भर में 80 से ज्यादा जालसाजी के मामले दर्ज हैं। वह एक साल तक गौतमबुद्ध नगर की कासना जेल में बंद रहा। मामले में सुप्रीम कोर्ट ने उसे दस करोड़ रुपये का जुर्माना और पासपोर्ट जमा कर नियम और शर्तों के जरिये उसे कंडीशन बेल दी थी। दिनेश 300 से ज्यादा लोगों को 100 करोड़ का चूना लगा चुका है। इसके खिलाफ दिल्ली की ईओडब्ल्यू शाखा में भी एफआईआर दर्ज है।